खगड़िया पहुंचे CM सम्राट चौधरी:श्रद्धांजलि सभा में हुए शामिल, कात्यायनी मंदिर में की पूजा, अगुवानी पुल प्रोजेक्ट की समीक्षा की
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मंगलवार को खगड़िया जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने परबत्ता प्रखंड के डुमरिया बुजुर्ग गांव में दिवंगत चंद्रकला देवी की श्रद्धांजलि सभा में भाग लिया और चौथम प्रखंड के रोहियार पंचायत स्थित सिद्ध शक्तिपीठ माता कात्यायनी मंदिर में पूजा-अर्चना की। उन्होंने जिले में चल रही विकास योजनाओं की समीक्षा भी की। मुख्यमंत्री के आगमन के मद्देनजर डुमरिया बुजुर्ग गांव में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। गांव से लेकर अगुवानी गंगा घाट तक के सभी रास्तों पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। मुख्य मार्गों, चौराहों और संपर्क सड़कों पर बैरिकेडिंग लगाकर सघन जांच अभियान चलाया गया। सम्राट चौधरी सीधे निर्माणाधीन अगुवानी स्थल पहुंचे
प्रशासन ने सुरक्षा के कई स्तर बनाए थे, जिसमें स्थानीय पुलिस, जिला बल और वरिष्ठ अधिकारियों की निरंतर निगरानी शामिल थी। मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारी हर गतिविधि पर पैनी नजर रख रहे थे, जिससे पूरा क्षेत्र हाई अलर्ट पर रहा। हेलिपैड पर उतरने के बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सीधे निर्माणाधीन अगुवानी स्थल पहुंचे। उन्होंने बहुप्रतीक्षित अगुवानी-सुल्तानगंज पुल परियोजना का हवाई और सड़क मार्ग से सर्वेक्षण किया, जिसके बाद एक समीक्षा बैठक भी की। इसके उपरांत, मुख्यमंत्री स्थानीय विधायक बाबूलाल सौर्य के आवास पर गए। वहां उन्होंने दिवंगत चंद्रकला देवी के तैलीय चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और शोक संतप्त परिवार को सांत्वना प्रदान की। उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी भी इस दौरान उनके साथ उपस्थित थे और उन्होंने भी श्रद्धासुमन अर्पित किए। सभा स्थल तक लोगों की लंबी कतारें देखी गईं
श्रद्धांजलि सभा में एनडीए कार्यकर्ताओं सहित हजारों की संख्या में लोग उपस्थित हुए। गांव की गलियों से लेकर सभा स्थल तक लोगों की लंबी कतारें देखी गईं। इस दौरान "सम्राट चौधरी जिंदाबाद" और "भाजपा जिंदाबाद" के नारे लगाए गए। लोगों की बड़ी संख्या में उपस्थिति ने दिवंगत चंद्रकला देवी के प्रति क्षेत्र के भावनात्मक जुड़ाव को दर्शाया। इस मौके पर ॐ तत्सत महाराज, डॉ. कृष्ण कुमार, डॉ. अखिलेश कुमार, पूर्व मुखिया रीना देवी, इंजीनियर सौरभ कुमार उर्फ छोटू, पवन चौधरी, जिला परिषद सदस्य शैलेन्द्र कुमार शैलेश, रुपेश कुमार उर्फ पिंटू समेत कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। कात्यायनी मंदिर में पूजा-अर्चना की
श्रद्धांजलि सभा के बाद मुख्यमंत्री चौथम प्रखंड के रोहियार पंचायत स्थित सिद्ध शक्तिपीठ माता कात्यायनी मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर में प्रवेश करते ही कार्यकर्ताओं और मंदिर समिति के सदस्यों ने उनका भव्य स्वागत किया। फूल-माला, अंगवस्त्र और स्मृति चिन्ह देकर उन्हें सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री ने मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की और राज्य की सुख-समृद्धि की कामना की। इसके बाद उन्होंने पर्यटन विभाग द्वारा लगभग 8 करोड़ 19 लाख रुपये की लागत से प्रस्तावित मंदिर विकास परियोजना का जायजा लिया।
उन्होंने निर्माण मॉडल का अवलोकन करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए, ताकि मंदिर को एक प्रमुख धार्मिक और पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जा सके। प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय दिखा
इस दौरान उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी, मुंगेर प्रमंडल के आयुक्त, डीआईजी, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक समेत कई वरीय अधिकारी मौजूद रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय दिखा।
मंदिर परिसर को भी इस अवसर पर भव्य तरीके से सजाया गया था, जिससे श्रद्धालुओं और आगंतुकों में खासा उत्साह देखने को मिला। मुख्यमंत्री का यह दौरा कई स्तरों पर महत्वपूर्ण रहा। एक ओर जहां डुमरिया बुजुर्ग में श्रद्धांजलि सभा ने भावनात्मक माहौल पैदा किया, वहीं दूसरी ओर कात्यायनी मंदिर में पूजा और विकास कार्यों की समीक्षा ने सरकार की विकास प्राथमिकताओं को भी सामने रखा। खगड़िया दौरे से जुड़ी तस्वीरें देखें…
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मंगलवार को खगड़िया जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने परबत्ता प्रखंड के डुमरिया बुजुर्ग गांव में दिवंगत चंद्रकला देवी की श्रद्धांजलि सभा में भाग लिया और चौथम प्रखंड के रोहियार पंचायत स्थित सिद्ध शक्तिपीठ माता कात्यायनी मंदिर में पूजा-अर्चना की। उन्होंने जिले में चल रही विकास योजनाओं की समीक्षा भी की। मुख्यमंत्री के आगमन के मद्देनजर डुमरिया बुजुर्ग गांव में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। गांव से लेकर अगुवानी गंगा घाट तक के सभी रास्तों पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। मुख्य मार्गों, चौराहों और संपर्क सड़कों पर बैरिकेडिंग लगाकर सघन जांच अभियान चलाया गया। सम्राट चौधरी सीधे निर्माणाधीन अगुवानी स्थल पहुंचे
प्रशासन ने सुरक्षा के कई स्तर बनाए थे, जिसमें स्थानीय पुलिस, जिला बल और वरिष्ठ अधिकारियों की निरंतर निगरानी शामिल थी। मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारी हर गतिविधि पर पैनी नजर रख रहे थे, जिससे पूरा क्षेत्र हाई अलर्ट पर रहा। हेलिपैड पर उतरने के बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सीधे निर्माणाधीन अगुवानी स्थल पहुंचे। उन्होंने बहुप्रतीक्षित अगुवानी-सुल्तानगंज पुल परियोजना का हवाई और सड़क मार्ग से सर्वेक्षण किया, जिसके बाद एक समीक्षा बैठक भी की। इसके उपरांत, मुख्यमंत्री स्थानीय विधायक बाबूलाल सौर्य के आवास पर गए। वहां उन्होंने दिवंगत चंद्रकला देवी के तैलीय चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और शोक संतप्त परिवार को सांत्वना प्रदान की। उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी भी इस दौरान उनके साथ उपस्थित थे और उन्होंने भी श्रद्धासुमन अर्पित किए। सभा स्थल तक लोगों की लंबी कतारें देखी गईं
श्रद्धांजलि सभा में एनडीए कार्यकर्ताओं सहित हजारों की संख्या में लोग उपस्थित हुए। गांव की गलियों से लेकर सभा स्थल तक लोगों की लंबी कतारें देखी गईं। इस दौरान "सम्राट चौधरी जिंदाबाद" और "भाजपा जिंदाबाद" के नारे लगाए गए। लोगों की बड़ी संख्या में उपस्थिति ने दिवंगत चंद्रकला देवी के प्रति क्षेत्र के भावनात्मक जुड़ाव को दर्शाया। इस मौके पर ॐ तत्सत महाराज, डॉ. कृष्ण कुमार, डॉ. अखिलेश कुमार, पूर्व मुखिया रीना देवी, इंजीनियर सौरभ कुमार उर्फ छोटू, पवन चौधरी, जिला परिषद सदस्य शैलेन्द्र कुमार शैलेश, रुपेश कुमार उर्फ पिंटू समेत कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। कात्यायनी मंदिर में पूजा-अर्चना की
श्रद्धांजलि सभा के बाद मुख्यमंत्री चौथम प्रखंड के रोहियार पंचायत स्थित सिद्ध शक्तिपीठ माता कात्यायनी मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर में प्रवेश करते ही कार्यकर्ताओं और मंदिर समिति के सदस्यों ने उनका भव्य स्वागत किया। फूल-माला, अंगवस्त्र और स्मृति चिन्ह देकर उन्हें सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री ने मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की और राज्य की सुख-समृद्धि की कामना की। इसके बाद उन्होंने पर्यटन विभाग द्वारा लगभग 8 करोड़ 19 लाख रुपये की लागत से प्रस्तावित मंदिर विकास परियोजना का जायजा लिया।
उन्होंने निर्माण मॉडल का अवलोकन करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए, ताकि मंदिर को एक प्रमुख धार्मिक और पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जा सके। प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय दिखा
इस दौरान उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी, मुंगेर प्रमंडल के आयुक्त, डीआईजी, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक समेत कई वरीय अधिकारी मौजूद रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय दिखा।
मंदिर परिसर को भी इस अवसर पर भव्य तरीके से सजाया गया था, जिससे श्रद्धालुओं और आगंतुकों में खासा उत्साह देखने को मिला। मुख्यमंत्री का यह दौरा कई स्तरों पर महत्वपूर्ण रहा। एक ओर जहां डुमरिया बुजुर्ग में श्रद्धांजलि सभा ने भावनात्मक माहौल पैदा किया, वहीं दूसरी ओर कात्यायनी मंदिर में पूजा और विकास कार्यों की समीक्षा ने सरकार की विकास प्राथमिकताओं को भी सामने रखा। खगड़िया दौरे से जुड़ी तस्वीरें देखें…