साइबर क्राइम की मास्टरमाइंड महिला सहित 6 गिरफ्तार:पोस्टमैन भी पकड़ा गया, साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराते थे बैंक खाते

वाराणसी की सिगरा पुलिस ने बड़े साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। सिगरा थाने में दर्ज मुकदमें में 76 लाख से अधिक की साइबर ठगी में संलिप्त मास्टरमाइंड महिला सहित एक पोस्टमैन और चार अन्य को भी पुलिस ने गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है। महिला सरगना पोस्टमैन की सहायता से पहले लोगों के आधार कार्ड पर सिगरा का एड्रेस लिखवाती थी। उसके बाद अकॉउन्ट खुलवाकर एटीएम, पासबुक और अन्य बैंक किट उस एड्रेस की जगह पोस्टमैन की सहायता से अपने पास मंगवाकर साइबर क्राइम करने वाले अपराधियों को बेच देती थी। इस गिरोह को मीडिया के सामने पेश करते हुए डीसीपी क्राइम नीतू कादयान ने बताया की इनकी ऊपर पूरे भारत में कुल 21 साइबर शिकायतें दर्ज हैं। और अभी तक ये लोग सिगरा थानाक्षेत्र में 76,44,476.97/ रुपए का साइबर फ्राड कर चुके हैं। म्यूल अकाउंट से कर रहे थे साइबर फ्राड डीसीपी क्राइम नीती कादयान ने बताया - प्रदेशव्यापी मिशन चल रहा है। इसी क्रम में साइबर थाना और सिगरा पुलिस ने एक बड़े साइबर फ्राड गिरोह को पकड़ा है। जो म्यूल अकाउंट खुलवाते थे। इसमें चार लोग सोनभद्र के और दो वाराणसी के रहने वाले हैं। इनकी एक और लेयर है जिसे हम पता कर रहे हैं। इनके पास से कई सारी पासबुक, एटीएम कार्ड और आधार कार्ड मिले हैं। साथ ही एक अकॉउन्ट में 6 लाख रुपए भी मिले हैं। इनके ऊपर 21 शिकायतें दर्ज हैं। टेली कॉलिंग से देती थी 5 हजार का प्रलोभन नीतू कादयान ने बताया - इस पूरे गिरोह की सरगना म्योरपुर की रहने वाली माला है। जो टेली कॉलिंग के माध्यम से लोगों को प्रलोभन देती थी। और उन्हें 5 हजार रुपए देकर उनकी डिटेल लेकर म्यूल अकॉउन्ट खुलवाती थी। इन अकाउंट से साइबर फ्राड के पैसों का लेनदेन किया जाता था। इस गैंग में दो लड़के ऐसे पकड़े गए हैं। जो आधार कार्ड को एडिट करके। उसमें फोटो और एड्रेस चेंज कर देते थे। इससे सब उनके एड्रेस पर पहुंचता था। वाराणसी में किया 76 लाख का फ्राड डीसीपी क्राइम ने बताया - इन सभी को साइबर क्राइम की टीम और सिगरा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में ओम पब्लिक स्कूल तिराहा, महमूरगंज, थानाक्षेत्र भेलूपुर से गिरफ्तार किया है। थाना सिगरा पर इनके ऊपर दो मुकदमें दर्ज हैं। जिसमें इन्होने 76 लाख रुपए का फ्रॉड किया है। पकड़ी गयी लड़की माला मास्टरमाइंड डीसीपी ने बताया - लड़की ही पूरे गैंग का संचालन कर रही थी। ये लोग सोनभद्र, वाराणसी, जौनपुर और बलिया में पूरा संभाल रहे थे। ये टेली कलिंग के जरिए लोगों को बहका रहे हैं। इनकी जो दूसरी लेयर है वह बिहार से ऑपरेट हो रही है। और देश के अन्य हिस्सों में ऐसा कार्य किया जा रहा है। जिसपर हम जांच कर रहे हैं। जल्द उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा। ऐसे करते थे फ्राड डीसीपी ने बताया - अपराधियों द्वारा लोगों को कुछ पैसे की लालच देकर सबसे पहले व्यक्ति के आधार कार्ड में अंकित स्थाई पते को एडिट कर सिगरा क्षेत्र का निवासी दिखाते थे। जिसके बाद कूटरचित आधार कार्ड को लेकर बैंक में जाकर आधार कार्ड धारक के नाम पर खाता खुलवाते थे। खुले हुए बैंक खाते का किट (चेकबुक, एटीएम) कुटरचित नये पते पर डिलेवरी होने से पहले ही पोस्टमैन से सीधे ले लेते थे। उक्त किट मय बैक में खाते लिंक मोबाइल सिम को पैक कर कोरियर के माध्यम से साईबर अपराधियों को उपलब्ध कराते थे। इनकी हुई गिरफ्तारी - 1. अनिल कुमार निवासी-मन डी 59/365-जी-4 जयप्रकाश नगर शिवपुरवा छित्तूपुर महमूरगंज थाना सिगरा जनपद वाराणसी। 2. कुमारी (काल्पनिक नाम) निवासिनी- ग्राम बरियारी, म्योरपुर दुद्धी थाना म्योरपुर जनपद सोनभद्र। 3. माला (काल्पनिक नाम) निवासिनी ग्राम कुशमाहा, म्योरपुर थाना म्योरपुर जनपद सोनभद्र। 4. उमंग कुमार निवासी ग्राम डुमरडीहा पोस्ट व थाना दुद्धी जनपद सोनभद्र। 5. जितेन्द्र कुमार कन्नौजिया निवासी- ग्राम बड़की भड़ेरी, चक्के तहसील केराकत थाना केराकत जनपद जौनपुर, वर्तमान पता- लेन नं 8 निराला नगर शिवपुरवा थाना सिगरा जनपद वाराणसी। 6. शोभनाथ निवासी मन एन 11/100 रानीपुर महमूरगंज थाना सिगरा जनपद वाराणसी।

Jul 27, 2026 - 08:12
 0
साइबर क्राइम की मास्टरमाइंड महिला सहित 6 गिरफ्तार:पोस्टमैन भी पकड़ा गया, साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराते थे बैंक खाते
वाराणसी की सिगरा पुलिस ने बड़े साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। सिगरा थाने में दर्ज मुकदमें में 76 लाख से अधिक की साइबर ठगी में संलिप्त मास्टरमाइंड महिला सहित एक पोस्टमैन और चार अन्य को भी पुलिस ने गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है। महिला सरगना पोस्टमैन की सहायता से पहले लोगों के आधार कार्ड पर सिगरा का एड्रेस लिखवाती थी। उसके बाद अकॉउन्ट खुलवाकर एटीएम, पासबुक और अन्य बैंक किट उस एड्रेस की जगह पोस्टमैन की सहायता से अपने पास मंगवाकर साइबर क्राइम करने वाले अपराधियों को बेच देती थी। इस गिरोह को मीडिया के सामने पेश करते हुए डीसीपी क्राइम नीतू कादयान ने बताया की इनकी ऊपर पूरे भारत में कुल 21 साइबर शिकायतें दर्ज हैं। और अभी तक ये लोग सिगरा थानाक्षेत्र में 76,44,476.97/ रुपए का साइबर फ्राड कर चुके हैं। म्यूल अकाउंट से कर रहे थे साइबर फ्राड डीसीपी क्राइम नीती कादयान ने बताया - प्रदेशव्यापी मिशन चल रहा है। इसी क्रम में साइबर थाना और सिगरा पुलिस ने एक बड़े साइबर फ्राड गिरोह को पकड़ा है। जो म्यूल अकाउंट खुलवाते थे। इसमें चार लोग सोनभद्र के और दो वाराणसी के रहने वाले हैं। इनकी एक और लेयर है जिसे हम पता कर रहे हैं। इनके पास से कई सारी पासबुक, एटीएम कार्ड और आधार कार्ड मिले हैं। साथ ही एक अकॉउन्ट में 6 लाख रुपए भी मिले हैं। इनके ऊपर 21 शिकायतें दर्ज हैं। टेली कॉलिंग से देती थी 5 हजार का प्रलोभन नीतू कादयान ने बताया - इस पूरे गिरोह की सरगना म्योरपुर की रहने वाली माला है। जो टेली कॉलिंग के माध्यम से लोगों को प्रलोभन देती थी। और उन्हें 5 हजार रुपए देकर उनकी डिटेल लेकर म्यूल अकॉउन्ट खुलवाती थी। इन अकाउंट से साइबर फ्राड के पैसों का लेनदेन किया जाता था। इस गैंग में दो लड़के ऐसे पकड़े गए हैं। जो आधार कार्ड को एडिट करके। उसमें फोटो और एड्रेस चेंज कर देते थे। इससे सब उनके एड्रेस पर पहुंचता था। वाराणसी में किया 76 लाख का फ्राड डीसीपी क्राइम ने बताया - इन सभी को साइबर क्राइम की टीम और सिगरा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में ओम पब्लिक स्कूल तिराहा, महमूरगंज, थानाक्षेत्र भेलूपुर से गिरफ्तार किया है। थाना सिगरा पर इनके ऊपर दो मुकदमें दर्ज हैं। जिसमें इन्होने 76 लाख रुपए का फ्रॉड किया है। पकड़ी गयी लड़की माला मास्टरमाइंड डीसीपी ने बताया - लड़की ही पूरे गैंग का संचालन कर रही थी। ये लोग सोनभद्र, वाराणसी, जौनपुर और बलिया में पूरा संभाल रहे थे। ये टेली कलिंग के जरिए लोगों को बहका रहे हैं। इनकी जो दूसरी लेयर है वह बिहार से ऑपरेट हो रही है। और देश के अन्य हिस्सों में ऐसा कार्य किया जा रहा है। जिसपर हम जांच कर रहे हैं। जल्द उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा। ऐसे करते थे फ्राड डीसीपी ने बताया - अपराधियों द्वारा लोगों को कुछ पैसे की लालच देकर सबसे पहले व्यक्ति के आधार कार्ड में अंकित स्थाई पते को एडिट कर सिगरा क्षेत्र का निवासी दिखाते थे। जिसके बाद कूटरचित आधार कार्ड को लेकर बैंक में जाकर आधार कार्ड धारक के नाम पर खाता खुलवाते थे। खुले हुए बैंक खाते का किट (चेकबुक, एटीएम) कुटरचित नये पते पर डिलेवरी होने से पहले ही पोस्टमैन से सीधे ले लेते थे। उक्त किट मय बैक में खाते लिंक मोबाइल सिम को पैक कर कोरियर के माध्यम से साईबर अपराधियों को उपलब्ध कराते थे। इनकी हुई गिरफ्तारी - 1. अनिल कुमार निवासी-मन डी 59/365-जी-4 जयप्रकाश नगर शिवपुरवा छित्तूपुर महमूरगंज थाना सिगरा जनपद वाराणसी। 2. कुमारी (काल्पनिक नाम) निवासिनी- ग्राम बरियारी, म्योरपुर दुद्धी थाना म्योरपुर जनपद सोनभद्र। 3. माला (काल्पनिक नाम) निवासिनी ग्राम कुशमाहा, म्योरपुर थाना म्योरपुर जनपद सोनभद्र। 4. उमंग कुमार निवासी ग्राम डुमरडीहा पोस्ट व थाना दुद्धी जनपद सोनभद्र। 5. जितेन्द्र कुमार कन्नौजिया निवासी- ग्राम बड़की भड़ेरी, चक्के तहसील केराकत थाना केराकत जनपद जौनपुर, वर्तमान पता- लेन नं 8 निराला नगर शिवपुरवा थाना सिगरा जनपद वाराणसी। 6. शोभनाथ निवासी मन एन 11/100 रानीपुर महमूरगंज थाना सिगरा जनपद वाराणसी।