UP के 7 हिंदूवादी युवाओं को मारना चाहते आतंकी:रामपुर के दर्जी ने हथियार खरीदे, कहता था- इनका कत्ल दुनिया देखेगी; ATS ने दबोचा
जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकी संगठन यूपी के 7 हिंदूवादी लड़कों को मारना चाहते हैं। यह खुलासा रामपुर के फैजान शेख (19 साल) ने किया है। फैजान इस समय गुजरात ATS की गिरफ्त में है। उसे 25 जनवरी को ATS ने नवसारी के चारपुल इलाके से पकड़ा था। पेशे से वह दर्जी है, लेकिन उसके मंसूबे बेहद खतरनाक निकले। फैजान शेख ने इस्लाम और पैगंबर के खिलाफ बयान देने वाले लोगों को मारने का प्लान बनाया था। उसने सात लोगों की एक लिस्ट बनाई थी, जो ATS को मिल गई है। पूछताछ में पता चला कि फैजान मसूद अजहर को फॉलो कर रहा था। और पैगंबर के खिलाफ बयान देने वालों का डेटा इकट्ठा कर रहा था। कपड़े सिलकर कमाए पैसों से वह हथियार और गोला-बारूद खरीदकर लाता था। फैजान ने इन सात लोगों को इस तरह मारने के लिए एक विवादित पोस्ट भी किया था कि दुनिया देख ले। उर्दू और अरबी में 29 पेज का साहित्य भी मिला
फैजान जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकवादी संगठनों के आतंकवादियों के संपर्क में भी था और उसने कबूल किया था कि वह उनके कहने पर किसी भी घटना को अंजाम देने के लिए तैयार था। हालांकि, ATS ने उसे इस इरादे को अंजाम देने से पहले ही पकड़ लिया। उसके पास से उर्दू और अरबी में 29 पेज का कट्टरपंथी साहित्य मिला है। ये सातों हिंदूवादी युवा नेता हैं। दक्ष चौधरी ने दिल्ली में कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार को थप्पड़ मारा था। लोकसभा चुनाव में अयोध्या से भाजपा के हारने पर वहां के लोगों को गद्दार कहा था। दक्ष चौधरी गाजियाबाद में गरिमा गार्डन के रहने वाले हैं। अभिषेक ठाकुर मूलत: रायबरेली में कुंभी गांव के रहने वाले हैं, हालांकि दिल्ली में रहते हैं। सातों युवाओं का अपना ग्रुप है, जो दिल्ली-एनसीआर में गोरक्षा करता है। इन लोगों पर कई मुकदमे भी दर्ज किए। गिरफ्तारी हुई और जेल भी गए। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र शास्त्री, अनिरुद्धाचार्य महाराज जैसे कथावाचक दक्ष चौधरी, अभिषेक ठाकुर की कई बार खुले मंचों से तारीफ भी कर चुके हैं। फैजान चाहता था- सातों लड़कों का कत्ल दुनिया देखे
ATS ने फैजान के फोन डिटेल्स की जांच शुरू की तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। उसने अपनी हिट लिस्ट एक खास ग्रुप को फॉरवर्ड भी की थी। यह भी बताया कि वह इन लोगों को ऐसे मारेगा कि दुनिया देख सके। अब ATS टीम ने फैजान के फोन की सभी डिटेल्स की जांच शुरू कर दी है। टीम यह भी पता लगा रही है कि वह सोशल मीडिया पर किन लोगों से जुड़ा था। मसूद अजहर को फॉलो कर रहा था फैजान
ATS की जांच में पता चला है कि फैजान शेख बैन किए गए आतंकवादी संगठनों जैश-ए-मोहम्मद और अल-कायदा की कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित था। ऑनलाइन मीडिया और दूसरे तरीकों से कट्टरपंथी बनने के बाद, उसने समाज में डर फैलाने और अफ़रा-तफ़री मचाने के मकसद से एक खास ग्रुप के लोगों को टारगेट किया। आरोपी ने शुरू में UP के बदनाम लोगों की लिस्ट बनाई थी
आरोपी जैश-ए-मोहम्मद ग्रुप से जुड़ा था। वह पिछले 4 साल से नवसारी में रह रहा था और दर्जी का काम कर रहा था। वह इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर ग्रुप चला रहा था। आरोपी ने पैगंबर मोहम्मद के खिलाफ़ बोलने वाले लोगों को टारगेट करना शुरू कर दिया था। आरोपी ने शुरू में UP के बदनाम लोगों की लिस्ट बनाई थी। आरोपी ने अब तक किसी पर हमला नहीं किया है। आरोपी के साथ अबू बकर नाम का एक आदमी जुड़ा था, जिसकी जांच चल रही है। आरोपी इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर पैगंबर के खिलाफ़ बोलने वालों को मारने का प्लान बनाता था और उन्हें लोगों तक पहुंचाता था। नवासारी में दर्जी का काम करता था
फ़ैज़ान शेख पिछले कुछ सालों से नवसारी में दर्जी का काम कर रहा था। फ़ैज़ान शेख अभी नवसारी के चारपुल इलाके में रह रहा था और मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रामपुर ज़िले के नरपत नगर के दुंदावाला का रहने वाला है। वह पिछले कुछ सालों से नवसारी में दर्जी का काम करके अपना गुज़ारा कर रहा था, जहां बड़े पैमाने पर जॉब वर्क होता है और उत्तर प्रदेश के कारीगर काम करते हैं। ------------- यह खबर भी पढ़िए:- अयोध्या जेल की दीवार तोड़कर 2 कैदी भागे:स्पेशल सेल में बंद थे, रातभर में 30 ईंट उखाड़ी; जेल अधीक्षक समेत 7 सस्पेंड
अयोध्या जिला जेल से दो कैदी दीवार तोड़कर फरार हो गए। दोनों स्पेशल सेल में बंद थे। दोनों ने रातभर में सेल की पीछे की दीवार की 25-30 ईंटें उखाड़ीं। भागकर जेल की बाउंड्री वॉल तक गए। फिर कंबल और मफलर से रस्सी बनाकर 20 फीट ऊंची दीवार फांद गए। पढ़ें पूरी खबर…
जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकी संगठन यूपी के 7 हिंदूवादी लड़कों को मारना चाहते हैं। यह खुलासा रामपुर के फैजान शेख (19 साल) ने किया है। फैजान इस समय गुजरात ATS की गिरफ्त में है। उसे 25 जनवरी को ATS ने नवसारी के चारपुल इलाके से पकड़ा था। पेशे से वह दर्जी है, लेकिन उसके मंसूबे बेहद खतरनाक निकले। फैजान शेख ने इस्लाम और पैगंबर के खिलाफ बयान देने वाले लोगों को मारने का प्लान बनाया था। उसने सात लोगों की एक लिस्ट बनाई थी, जो ATS को मिल गई है। पूछताछ में पता चला कि फैजान मसूद अजहर को फॉलो कर रहा था। और पैगंबर के खिलाफ बयान देने वालों का डेटा इकट्ठा कर रहा था। कपड़े सिलकर कमाए पैसों से वह हथियार और गोला-बारूद खरीदकर लाता था। फैजान ने इन सात लोगों को इस तरह मारने के लिए एक विवादित पोस्ट भी किया था कि दुनिया देख ले। उर्दू और अरबी में 29 पेज का साहित्य भी मिला
फैजान जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकवादी संगठनों के आतंकवादियों के संपर्क में भी था और उसने कबूल किया था कि वह उनके कहने पर किसी भी घटना को अंजाम देने के लिए तैयार था। हालांकि, ATS ने उसे इस इरादे को अंजाम देने से पहले ही पकड़ लिया। उसके पास से उर्दू और अरबी में 29 पेज का कट्टरपंथी साहित्य मिला है। ये सातों हिंदूवादी युवा नेता हैं। दक्ष चौधरी ने दिल्ली में कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार को थप्पड़ मारा था। लोकसभा चुनाव में अयोध्या से भाजपा के हारने पर वहां के लोगों को गद्दार कहा था। दक्ष चौधरी गाजियाबाद में गरिमा गार्डन के रहने वाले हैं। अभिषेक ठाकुर मूलत: रायबरेली में कुंभी गांव के रहने वाले हैं, हालांकि दिल्ली में रहते हैं। सातों युवाओं का अपना ग्रुप है, जो दिल्ली-एनसीआर में गोरक्षा करता है। इन लोगों पर कई मुकदमे भी दर्ज किए। गिरफ्तारी हुई और जेल भी गए। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र शास्त्री, अनिरुद्धाचार्य महाराज जैसे कथावाचक दक्ष चौधरी, अभिषेक ठाकुर की कई बार खुले मंचों से तारीफ भी कर चुके हैं। फैजान चाहता था- सातों लड़कों का कत्ल दुनिया देखे
ATS ने फैजान के फोन डिटेल्स की जांच शुरू की तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। उसने अपनी हिट लिस्ट एक खास ग्रुप को फॉरवर्ड भी की थी। यह भी बताया कि वह इन लोगों को ऐसे मारेगा कि दुनिया देख सके। अब ATS टीम ने फैजान के फोन की सभी डिटेल्स की जांच शुरू कर दी है। टीम यह भी पता लगा रही है कि वह सोशल मीडिया पर किन लोगों से जुड़ा था। मसूद अजहर को फॉलो कर रहा था फैजान
ATS की जांच में पता चला है कि फैजान शेख बैन किए गए आतंकवादी संगठनों जैश-ए-मोहम्मद और अल-कायदा की कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित था। ऑनलाइन मीडिया और दूसरे तरीकों से कट्टरपंथी बनने के बाद, उसने समाज में डर फैलाने और अफ़रा-तफ़री मचाने के मकसद से एक खास ग्रुप के लोगों को टारगेट किया। आरोपी ने शुरू में UP के बदनाम लोगों की लिस्ट बनाई थी
आरोपी जैश-ए-मोहम्मद ग्रुप से जुड़ा था। वह पिछले 4 साल से नवसारी में रह रहा था और दर्जी का काम कर रहा था। वह इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर ग्रुप चला रहा था। आरोपी ने पैगंबर मोहम्मद के खिलाफ़ बोलने वाले लोगों को टारगेट करना शुरू कर दिया था। आरोपी ने शुरू में UP के बदनाम लोगों की लिस्ट बनाई थी। आरोपी ने अब तक किसी पर हमला नहीं किया है। आरोपी के साथ अबू बकर नाम का एक आदमी जुड़ा था, जिसकी जांच चल रही है। आरोपी इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर पैगंबर के खिलाफ़ बोलने वालों को मारने का प्लान बनाता था और उन्हें लोगों तक पहुंचाता था। नवासारी में दर्जी का काम करता था
फ़ैज़ान शेख पिछले कुछ सालों से नवसारी में दर्जी का काम कर रहा था। फ़ैज़ान शेख अभी नवसारी के चारपुल इलाके में रह रहा था और मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रामपुर ज़िले के नरपत नगर के दुंदावाला का रहने वाला है। वह पिछले कुछ सालों से नवसारी में दर्जी का काम करके अपना गुज़ारा कर रहा था, जहां बड़े पैमाने पर जॉब वर्क होता है और उत्तर प्रदेश के कारीगर काम करते हैं। ------------- यह खबर भी पढ़िए:- अयोध्या जेल की दीवार तोड़कर 2 कैदी भागे:स्पेशल सेल में बंद थे, रातभर में 30 ईंट उखाड़ी; जेल अधीक्षक समेत 7 सस्पेंड
अयोध्या जिला जेल से दो कैदी दीवार तोड़कर फरार हो गए। दोनों स्पेशल सेल में बंद थे। दोनों ने रातभर में सेल की पीछे की दीवार की 25-30 ईंटें उखाड़ीं। भागकर जेल की बाउंड्री वॉल तक गए। फिर कंबल और मफलर से रस्सी बनाकर 20 फीट ऊंची दीवार फांद गए। पढ़ें पूरी खबर…