अंबेडकरनगर में 60,300 प्रीपेड मीटर पोस्टपेड में बदले:उपभोक्ताओं को मिली राहत, अब जून में आएगा मई का बिल

अंबेडकरनगर में बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिली है। अकबरपुर, जलालपुर, टांडा और आलापुर डिवीजन के 60,300 प्रीपेड बिजली मीटरों को अब पोस्टपेड में बदल दिया गया है। इस फैसले से उपभोक्ताओं की प्रीपेड मीटर रिचार्ज से जुड़ी समस्याएँ समाप्त हो गई हैं। उन्हें मई महीने का बिल जून में पोस्टपेड मीटर रीडिंग के आधार पर मिलेगा। इन डिवीजनों में कुल 4.30 लाख बिजली कनेक्शन धारक हैं। पहले 1 लाख 500 उपभोक्ताओं के प्रतिष्ठानों या घरों पर स्मार्ट मीटर लगाए गए थे। बाद में, इनमें से 60,300 स्मार्ट मीटरों को प्रीपेड मोड में बदल दिया गया था, जिसका उपभोक्ताओं ने व्यापक विरोध किया था। अधीक्षण अभियंता रजनीश श्रीवास्तव ने इस संबंध में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मध्यांचल कार्यालय लखनऊ से जिले के 60 हजार प्रीपेड मीटरों को पोस्टपेड में बदलने का आदेश जारी किया गया है। अब उपभोक्ताओं को पोस्टपेड प्रणाली के तहत ही बिजली बिल प्राप्त होंगे। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम ने समय पर बिजली बिल वसूली सुनिश्चित करने के लिए 300 मीटर रीडर ठेके पर तैनात किए हैं। प्रीपेड मीटर होने के कारण ये रीडर पहले बिल की रीडिंग नहीं कर रहे थे। अब वे पुनः पोस्टपेड मीटर रीडिंग के अनुसार उपभोक्ताओं के बिजली बिल तैयार करेंगे। मीटर अधिशासी अभियंता संजय कुमार के अनुसार, अकबरपुर, जलालपुर, टांडा और आलापुर सबडिवीजन से कुल 4 लाख 30 हजार उपभोक्ता जुड़े हैं। जिले में बिजली आपूर्ति के लिए 41 विद्युत उपकेंद्र संचालित हैं और हर महीने लगभग एक मिलियन यूनिट बिजली की खपत होती है।

May 13, 2026 - 07:26
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अंबेडकरनगर में 60,300 प्रीपेड मीटर पोस्टपेड में बदले:उपभोक्ताओं को मिली राहत, अब जून में आएगा मई का बिल
अंबेडकरनगर में बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिली है। अकबरपुर, जलालपुर, टांडा और आलापुर डिवीजन के 60,300 प्रीपेड बिजली मीटरों को अब पोस्टपेड में बदल दिया गया है। इस फैसले से उपभोक्ताओं की प्रीपेड मीटर रिचार्ज से जुड़ी समस्याएँ समाप्त हो गई हैं। उन्हें मई महीने का बिल जून में पोस्टपेड मीटर रीडिंग के आधार पर मिलेगा। इन डिवीजनों में कुल 4.30 लाख बिजली कनेक्शन धारक हैं। पहले 1 लाख 500 उपभोक्ताओं के प्रतिष्ठानों या घरों पर स्मार्ट मीटर लगाए गए थे। बाद में, इनमें से 60,300 स्मार्ट मीटरों को प्रीपेड मोड में बदल दिया गया था, जिसका उपभोक्ताओं ने व्यापक विरोध किया था। अधीक्षण अभियंता रजनीश श्रीवास्तव ने इस संबंध में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मध्यांचल कार्यालय लखनऊ से जिले के 60 हजार प्रीपेड मीटरों को पोस्टपेड में बदलने का आदेश जारी किया गया है। अब उपभोक्ताओं को पोस्टपेड प्रणाली के तहत ही बिजली बिल प्राप्त होंगे। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम ने समय पर बिजली बिल वसूली सुनिश्चित करने के लिए 300 मीटर रीडर ठेके पर तैनात किए हैं। प्रीपेड मीटर होने के कारण ये रीडर पहले बिल की रीडिंग नहीं कर रहे थे। अब वे पुनः पोस्टपेड मीटर रीडिंग के अनुसार उपभोक्ताओं के बिजली बिल तैयार करेंगे। मीटर अधिशासी अभियंता संजय कुमार के अनुसार, अकबरपुर, जलालपुर, टांडा और आलापुर सबडिवीजन से कुल 4 लाख 30 हजार उपभोक्ता जुड़े हैं। जिले में बिजली आपूर्ति के लिए 41 विद्युत उपकेंद्र संचालित हैं और हर महीने लगभग एक मिलियन यूनिट बिजली की खपत होती है।