मथुरा में ट्रेन पर पत्थर फेंकने वालों पर सख्ती:रेलवे पुलिस ने गांवों में लोगों को किया जागरूक, बच्चों और युवाओं को दी समझाइश
मथुरा में ट्रेनों पर होने वाली पत्थरबाजी की घटनाओं को रोकने के लिए जीआरपी और आरपीएफ ने संयुक्त रूप से जागरूकता अभियान चलाया। इस अभियान के तहत मथुरा जंक्शन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांवों में ग्रामीणों को जागरूक किया गया। उन्हें ट्रेनों पर पत्थर फेंकने जैसी घटनाओं के गंभीर दुष्परिणामों के बारे में जानकारी दी गई। जीआरपी प्रभारी जितेंद्र सिंह ने बताया कि आरपीएफ और जीआरपी की टीम लगातार ऐसे संवेदनशील क्षेत्रों में अभियान चला रही है, जहां से ट्रेनों पर पत्थरबाजी की घटनाएं सामने आती रही हैं। इसी क्रम में टीम बाद गांव पहुंची और ग्रामीणों, युवाओं तथा बच्चों से संवाद किया। उन्हें समझाया गया कि ट्रेनों पर पत्थर फेंकना न केवल कानूनी अपराध है, बल्कि इससे यात्रियों की जान भी खतरे में पड़ सकती है। उन्होंने बताया कि अक्सर ट्रेन में सफर कर रहे यात्री पत्थर लगने से घायल हो जाते हैं, जिससे गंभीर हादसे होने की आशंका बनी रहती है। कई बार छोटे बच्चे या शरारती तत्व अनजाने में ऐसी घटनाओं को अंजाम दे देते हैं, लेकिन इसके परिणाम बेहद गंभीर हो सकते हैं। इसलिए समाज के सभी लोगों की जिम्मेदारी है कि वे इस तरह की घटनाओं को रोकने में सहयोग करें। अभियान के दौरान ग्रामीणों से अपील की गई कि यदि कोई व्यक्ति रेलवे ट्रैक के आसपास संदिग्ध गतिविधि करता दिखाई दे या पत्थरबाजी की कोशिश करे तो इसकी सूचना तुरंत रेलवे पुलिस या आरपीएफ को दें। अधिकारियों ने कहा कि रेलवे यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए लगातार जागरूकता अभियान चलाए जाते रहेंगे, ताकि ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों को सुरक्षित वातावरण मिल सके।



