सिंचाई विभाग 16 अप्रैल को हटाएगा अतिक्रमण:48 मकान-दुकानों को 15 अप्रैल तक खाली करने की चेतावनी
सिंचाई विभाग ने दिबियापुर नगर में अपनी जमीन से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग के अधिकारियों ने गुरुवार को सड़कों पर उतरकर 48 मकानों और दुकानों को 15 अप्रैल तक खाली करने की चेतावनी दी। इन ढांचों को 16 अप्रैल को बुलडोजर से ढहाया जाएगा। शेष 10 मकानों और दुकानों का मामला न्यायालय में लंबित होने के कारण उन्हें फिलहाल इस कार्रवाई से अलग रखा गया है। यह कार्रवाई उच्च न्यायालय में दायर एक जनहित याचिका के आदेशों के अनुपालन में की जा रही है। सिंचाई विभाग ने पहले भी 58 दुकानों और मकानों पर नोटिस चस्पा कर कब्जा हटाने को कहा था। उस समय कुछ लोगों ने अपने मकान खाली भी कर दिए थे, लेकिन न्यायालय में मामला जाने के बाद यह प्रक्रिया कुछ महीनों के लिए रुक गई थी। इसके बाद कई लोग फिर से इन स्थानों पर काबिज होकर अपना व्यवसाय करने लगे थे। गुरुवार को सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने फिर से अतिक्रमण हटाने की सूचना जारी की, जिससे प्रभावित लोगों में हलचल मच गई। सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता धनंजय तिवारी और अन्य अधिकारियों-कर्मचारियों ने नहर कंचौसी रोड और नहर पुल के पास भ्रमण कर यह जानकारी दी। उन्होंने चिह्नित 48 मकानों और दुकानों के मालिकों को 15 अप्रैल तक स्वयं कब्जा खाली करने को कहा। चेतावनी दी गई है कि 16 अप्रैल को बुलडोजर से अतिक्रमण हटाया जाएगा और तोड़फोड़ का हर्जाना भी अतिक्रमणकर्ताओं से वसूला जाएगा। विभाग ने बताया कि अतिक्रमणकर्ताओं को पहले और दूसरे चरण में भी नोटिस जारी किए जा चुके थे। सिंचाई विभाग के अधिशाषी अभियंता संजय कुमार ने बताया कि पूर्व में नोटिस प्राप्त करने वाले 48 लोगों को मकानों और दुकानों से कब्जा हटाने के लिए सूचित किया गया है। उन्होंने पुष्टि की कि 10 लोगों के मामले न्यायालय में लंबित हैं, और उन्हें इस कार्रवाई से अलग रखा गया है। 16 अप्रैल को बुलडोजर से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की तिथि सुनिश्चित की गई है।



