राघव चड्ढा बोले- संसद गाली देने-माइक तोड़ने नहीं गया:मेरे खिलाफ कोऑर्डिनेटेड अटैक, स्क्रिप्टेड कैंपेन; धुरंधर के डायलॉग से AAP को चेतावनी
आम आदमी पार्टी (AAP) के आरोपों को लेकर सांसद राघव चड्ढा ने शनिवार को दूसरा वीडियो जारी किया। राघव चड्ढा ने सोशल मीडिया (X) पर वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा- मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया झूठ भी सच लगने लगता। 3 आरोपों में जीरो सच्चाई है। राघव ने वीडियो में कहा- कल से मेरे खिलाफ एक स्क्रिप्टेड कैंपेन चलाया जा रहा है। वही भाषा, वही बातें, वही आरोप। यह कोई को-इंसिडेंस नहीं, बल्कि एक को-ऑर्डिनेटेड अटैक है। पहले मुझे लगा कि मुझे इसका जवाब नहीं देना चाहिए। फिर लगा कि एक झूठ को सौ बार बोला जाए तो कहीं लोग मान न लें। इसलिए, मैंने सोचा कि जवाब दूं। राघव ने कहा- मुझ पर 3 आरोप लगाए, जिसकी वजह से मुझे संसद में बोलने का मौका नहीं दिया जाएगा। मैं संसद में शोर मचाने, चिल्लाने, माइक तोड़ने या गाली देने नहीं गया, बल्कि जनता के मुद्दे उठाने के लिए गया हूं। माइक तोड़ने की बात का सीधा संबंध AAP के दूसरे राज्यसभा सांसद संजय सिंह से जोड़ा जा रहा है। आखिर में राघव ने धुरंधर फिल्म का डायलॉग, ‘घायल हूं, इसलिए घातक हूं’ कहते हुए AAP को चेतावनी दी। बता दें कि AAP ने 2 अप्रैल को राघव चड्ढा को राज्यसभा के उपनेता पद से हटा दिया था। इसके साथ ही राज्यसभा सेक्रेटेरिएट को लिखकर दिया कि उन्हें पार्टी कोटे से बोलने का टाइम न दें। इसके बाद राघव चड्ढा ने वीडियो जारी कर कहा था कि मुझे खामोश कराया, हारा नहीं हूं। मैं वह दरिया हूं, जो सैलाब बनकर आता है। इसके बाद AAP नेता अनुराग ढांडा, आतिशी मार्लेना, सौरभ भारद्वाज और सीएम भगवंत मान ने पलटवार किया था। राघव चड्ढा ने AAP के 3 आरोपों के जवाब दिए आरोप नं. 1: जब अपोजिशन पार्लियामेंट से वॉक आउट करता है, तो राघव चड्ढा वहीं बैठे रहते हैं। वह वॉकआउट नहीं करते।
राघव का जवाब: यह सरासर झूठ है। सफेद झूठ है। मैं चुनौती देता हूं कि एक भी दिन, एक भी इंसिडेंट ऐसा बता दीजिए, जब मैंने अपोजिशन का साथ न दिया हो। मैंने साथ में वॉकआउट न किया हो। पार्लियामेंट में तो सभी जगह सीसीटीवी कैमरे हैं। आप सीसीटीवी निकालकर दिखा दीजिए। दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। आरोप नं. 2: राघव चड्ढा ने मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने वाली याचिका पर साइन करने से इनकार कर दिया।
राघव का जवाब: दूसरा सफेद झूठ। न तो मुझे आम आदमी पार्टी के किसी नेता ने साइन के लिए कहा। न औपचारिक तौर पर और न ही अनौपचारिक तौर पर। राज्यसभा में AAP के कुल 10 सांसद हैं। उनमें से 6 से 7 सांसदों ने खुद ही उस मोशन पर साइन नहीं किया। तो भला इसमें मेरी क्या गलती है? खाली सारा दोष मुझ पर ही क्यों मढ़ा जा रहा है? और इस मोशन के लिए राज्यसभा में केवल 50 सिग्नेचर ही चाहिए होते हैं। यानी 105 सांसदों में से केवल 50 सांसदों के सिग्नेचर से यह याचिका पूरी हो जाती। तो इतना शोर क्यों? आरोप नं. 3: राघव चड्ढा डर गए हैं। इसलिए वह बेकार मुद्दे उठाते हैं।
राघव का जवाब: पहली बात मैं बता देना चाहता हूं कि मैं पार्लियामेंट में शोर मचाने, चीखने-चिल्लाने, गाली देने, माइक तोड़ने नहीं गया। मैं वहां जनता के मुद्दे उठाने गया हूं। लोगों की बात करने गया हूं। और मैंने कौन सा मुद्दा नहीं उठाया। मैंने GST से लेकर इनकम टैक्स की बात की। पंजाब के पानी से लेकर दिल्ली की हवा तक का मुद्दा उठाया। कैसे हमारे सरकारी स्कूलों से लेकर हेल्थ इंस्टीट्यूशन को मजबूत किया जाए? इंडियन रेलवे में कैसे पैसेंजर ट्रैवल करते हैं, उनकी समस्या रखी। यहां तक कि मेन्स्ट्रुअल हेल्थ, एक ऐसा मुद्दा जिसपर लोग बात करने से भी कतराते हैं, वह तक रखी। बेरोजगारी से लेकर महंगाई तक तमाम मुद्दे उठाए। आप मेरे 4 साल के पार्लियामेंट ट्रैक को उठाकर देखिए।
पंजाब के AAP मंत्री चीमा ने राघव को लेकर ये बातें कहीं… राघव चड्ढा का 2028 तक कार्यकाल
राघव 2022 से पंजाब से राज्यसभा सांसद हैं। उनका कार्यकाल 2028 तक है। हालांकि, राघव चड्ढा ने लंबे समय से पार्टी से दूरी बना ली थी और AAP को लेकर कोई बयान नहीं दिया। यहां तक कि पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल के जेल जाने के वक्त वह UK में थे। शराब घोटाला मामले में केजरीवाल के बरी होने पर भी उन्होंने एक शब्द नहीं कहा था पहले वीडियो में राघव ने ये बातें कहीं थी AAP ने राघव पर ये सवाल उठाए थे राघव चड्ढा के वीडियो के बाद AAP के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनुराग ढांडा, पूर्व दिल्ली CM आतिशी मार्लेना, दिल्ली के पूर्व मंत्री सौरभ भारद्वाज और पंजाब के सीएम भगवंत मान सामने आए। उन्होंने राघव चड्ढा पर कई सवाल उठाए… पूर्व सीएम आतिशी बोलीं- डरकर लंदन भाग गए थे दिल्ली की पूर्व सीएम आतिशी ने कहा कि था कि राघव चड्ढा बीजेपी और मोदी से डर गए हैं। मैं राघव चड्ढा से सवाल पूछना चाहती हूं कि आप बीजेपी से इतना डरते क्यों हो? आप बीजेपी के सामने सवाल उठाने से डरते क्यों हो? उन्होंने कहा कि इलेक्शन कमिशन का मिस यूज हो रहा है। लेकिन जब टीएमसी और पूरा विपक्ष इलेक्शन कमिशन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लेकर आता है, तो आप उस पर साइन करने से मना कर देते हैं। आपने एक बार भी संसद में पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र पर हो रहे हमले पर सवाल उठाए, वोट काटे जाने पर सवाल उठाए, गलत तरीके से बने वोट पर सवाल उठाए, क्यों नहीं उठाए? क्या बीजेपी से डर रहे हैं, क्या मोदी से डर रहे हैं? मुझे याद आ रहा है, जब केजरीवाल को पुलिस ने गिरफ्तार किया तब हम सब लड़ रहे थे। पुलिस हम पर लाठियां चला रही थी। हमें घसीट घसीट कर ले जा रही थी। हम रोज लड़ रहे थे। आप लंदन में थे। आपने बताया कि आंख का ऑपरेशन है, इसलिए लंदन में हूं। हमसे मीडिया ने सवाल पूछे हमने कहा कि राघव चड्ढा डरे नहीं हैं, उनको प्रोब्लम है। लेकिन आज मेरे मन में भी सवाल आ रहा है कि जब केजरीवाल गिरफ्तार हुए तब भी आप बीजेपी से डर गए मोदी से डर गए। डरकर लंदन भाग गए थे। हो सकता है, आप डरते हों लेकिन हम केजरीवाल के सिपाही हैं हम न बीजेपी से डरते न मोदी से डरते हैं। ***************** ये खबर भी पढ़ें: पंजाब
आम आदमी पार्टी (AAP) के आरोपों को लेकर सांसद राघव चड्ढा ने शनिवार को दूसरा वीडियो जारी किया। राघव चड्ढा ने सोशल मीडिया (X) पर वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा- मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया झूठ भी सच लगने लगता। 3 आरोपों में जीरो सच्चाई है। राघव ने वीडियो में कहा- कल से मेरे खिलाफ एक स्क्रिप्टेड कैंपेन चलाया जा रहा है। वही भाषा, वही बातें, वही आरोप। यह कोई को-इंसिडेंस नहीं, बल्कि एक को-ऑर्डिनेटेड अटैक है। पहले मुझे लगा कि मुझे इसका जवाब नहीं देना चाहिए। फिर लगा कि एक झूठ को सौ बार बोला जाए तो कहीं लोग मान न लें। इसलिए, मैंने सोचा कि जवाब दूं। राघव ने कहा- मुझ पर 3 आरोप लगाए, जिसकी वजह से मुझे संसद में बोलने का मौका नहीं दिया जाएगा। मैं संसद में शोर मचाने, चिल्लाने, माइक तोड़ने या गाली देने नहीं गया, बल्कि जनता के मुद्दे उठाने के लिए गया हूं। माइक तोड़ने की बात का सीधा संबंध AAP के दूसरे राज्यसभा सांसद संजय सिंह से जोड़ा जा रहा है। आखिर में राघव ने धुरंधर फिल्म का डायलॉग, ‘घायल हूं, इसलिए घातक हूं’ कहते हुए AAP को चेतावनी दी। बता दें कि AAP ने 2 अप्रैल को राघव चड्ढा को राज्यसभा के उपनेता पद से हटा दिया था। इसके साथ ही राज्यसभा सेक्रेटेरिएट को लिखकर दिया कि उन्हें पार्टी कोटे से बोलने का टाइम न दें। इसके बाद राघव चड्ढा ने वीडियो जारी कर कहा था कि मुझे खामोश कराया, हारा नहीं हूं। मैं वह दरिया हूं, जो सैलाब बनकर आता है। इसके बाद AAP नेता अनुराग ढांडा, आतिशी मार्लेना, सौरभ भारद्वाज और सीएम भगवंत मान ने पलटवार किया था। राघव चड्ढा ने AAP के 3 आरोपों के जवाब दिए आरोप नं. 1: जब अपोजिशन पार्लियामेंट से वॉक आउट करता है, तो राघव चड्ढा वहीं बैठे रहते हैं। वह वॉकआउट नहीं करते।
राघव का जवाब: यह सरासर झूठ है। सफेद झूठ है। मैं चुनौती देता हूं कि एक भी दिन, एक भी इंसिडेंट ऐसा बता दीजिए, जब मैंने अपोजिशन का साथ न दिया हो। मैंने साथ में वॉकआउट न किया हो। पार्लियामेंट में तो सभी जगह सीसीटीवी कैमरे हैं। आप सीसीटीवी निकालकर दिखा दीजिए। दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। आरोप नं. 2: राघव चड्ढा ने मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने वाली याचिका पर साइन करने से इनकार कर दिया।
राघव का जवाब: दूसरा सफेद झूठ। न तो मुझे आम आदमी पार्टी के किसी नेता ने साइन के लिए कहा। न औपचारिक तौर पर और न ही अनौपचारिक तौर पर। राज्यसभा में AAP के कुल 10 सांसद हैं। उनमें से 6 से 7 सांसदों ने खुद ही उस मोशन पर साइन नहीं किया। तो भला इसमें मेरी क्या गलती है? खाली सारा दोष मुझ पर ही क्यों मढ़ा जा रहा है? और इस मोशन के लिए राज्यसभा में केवल 50 सिग्नेचर ही चाहिए होते हैं। यानी 105 सांसदों में से केवल 50 सांसदों के सिग्नेचर से यह याचिका पूरी हो जाती। तो इतना शोर क्यों? आरोप नं. 3: राघव चड्ढा डर गए हैं। इसलिए वह बेकार मुद्दे उठाते हैं।
राघव का जवाब: पहली बात मैं बता देना चाहता हूं कि मैं पार्लियामेंट में शोर मचाने, चीखने-चिल्लाने, गाली देने, माइक तोड़ने नहीं गया। मैं वहां जनता के मुद्दे उठाने गया हूं। लोगों की बात करने गया हूं। और मैंने कौन सा मुद्दा नहीं उठाया। मैंने GST से लेकर इनकम टैक्स की बात की। पंजाब के पानी से लेकर दिल्ली की हवा तक का मुद्दा उठाया। कैसे हमारे सरकारी स्कूलों से लेकर हेल्थ इंस्टीट्यूशन को मजबूत किया जाए? इंडियन रेलवे में कैसे पैसेंजर ट्रैवल करते हैं, उनकी समस्या रखी। यहां तक कि मेन्स्ट्रुअल हेल्थ, एक ऐसा मुद्दा जिसपर लोग बात करने से भी कतराते हैं, वह तक रखी। बेरोजगारी से लेकर महंगाई तक तमाम मुद्दे उठाए। आप मेरे 4 साल के पार्लियामेंट ट्रैक को उठाकर देखिए।
पंजाब के AAP मंत्री चीमा ने राघव को लेकर ये बातें कहीं… राघव चड्ढा का 2028 तक कार्यकाल
राघव 2022 से पंजाब से राज्यसभा सांसद हैं। उनका कार्यकाल 2028 तक है। हालांकि, राघव चड्ढा ने लंबे समय से पार्टी से दूरी बना ली थी और AAP को लेकर कोई बयान नहीं दिया। यहां तक कि पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल के जेल जाने के वक्त वह UK में थे। शराब घोटाला मामले में केजरीवाल के बरी होने पर भी उन्होंने एक शब्द नहीं कहा था पहले वीडियो में राघव ने ये बातें कहीं थी AAP ने राघव पर ये सवाल उठाए थे राघव चड्ढा के वीडियो के बाद AAP के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनुराग ढांडा, पूर्व दिल्ली CM आतिशी मार्लेना, दिल्ली के पूर्व मंत्री सौरभ भारद्वाज और पंजाब के सीएम भगवंत मान सामने आए। उन्होंने राघव चड्ढा पर कई सवाल उठाए… पूर्व सीएम आतिशी बोलीं- डरकर लंदन भाग गए थे दिल्ली की पूर्व सीएम आतिशी ने कहा कि था कि राघव चड्ढा बीजेपी और मोदी से डर गए हैं। मैं राघव चड्ढा से सवाल पूछना चाहती हूं कि आप बीजेपी से इतना डरते क्यों हो? आप बीजेपी के सामने सवाल उठाने से डरते क्यों हो? उन्होंने कहा कि इलेक्शन कमिशन का मिस यूज हो रहा है। लेकिन जब टीएमसी और पूरा विपक्ष इलेक्शन कमिशन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लेकर आता है, तो आप उस पर साइन करने से मना कर देते हैं। आपने एक बार भी संसद में पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र पर हो रहे हमले पर सवाल उठाए, वोट काटे जाने पर सवाल उठाए, गलत तरीके से बने वोट पर सवाल उठाए, क्यों नहीं उठाए? क्या बीजेपी से डर रहे हैं, क्या मोदी से डर रहे हैं? मुझे याद आ रहा है, जब केजरीवाल को पुलिस ने गिरफ्तार किया तब हम सब लड़ रहे थे। पुलिस हम पर लाठियां चला रही थी। हमें घसीट घसीट कर ले जा रही थी। हम रोज लड़ रहे थे। आप लंदन में थे। आपने बताया कि आंख का ऑपरेशन है, इसलिए लंदन में हूं। हमसे मीडिया ने सवाल पूछे हमने कहा कि राघव चड्ढा डरे नहीं हैं, उनको प्रोब्लम है। लेकिन आज मेरे मन में भी सवाल आ रहा है कि जब केजरीवाल गिरफ्तार हुए तब भी आप बीजेपी से डर गए मोदी से डर गए। डरकर लंदन भाग गए थे। हो सकता है, आप डरते हों लेकिन हम केजरीवाल के सिपाही हैं हम न बीजेपी से डरते न मोदी से डरते हैं। ***************** ये खबर भी पढ़ें: पंजाब के सुपर CM कहे जाते थे राघव चड्ढा: राहुल गांधी ने कहा था- सरकार को RC चला रहा; जानिए केजरीवाल से रिश्ते कैसे बिगड़ते गए पंजाब से AAP के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा सुर्खियों में हैं। पार्टी ने ही उन्हें राज्यसभा के उपनेता पद से हटाने और बोलने का टाइम न देने का लेटर दे दिया। इसके बाद चड्ढा ने वीडियो जारी कर AAP को आड़े हाथों लिया। जनहित के मुद्दे उठाने को लेकर AAP पर ही सवाल दागे। आखिर में ये भी चेतावनी दी कि मैं वह दरिया हूं, जो सैलाब बनकर आता है। (पढ़ें पूरी खबर)