भारत ने बचाया ईरान का दूसरा युद्धपोत, तकनीकी खराबी के बाद 183 नौसैनिकों समेत मांगी मदद

ईरान का एक युद्धपोत IRIS लावन भारत के कोच्चि बंदरगाह पर रुका हुआ है। इस युद्धपोत के 183 चालक दल के सदस्यों को फिलहाल कोच्चि में भारतीय नौसेना की सुविधाओं में ठहराया गया है। सरकारी सूत्रों के अनुसार श्रीलंका के दक्षिण में IRIS Dena से जुड़े घटनाक्रम ...

Mar 7, 2026 - 01:07
 0
भारत ने बचाया ईरान का दूसरा युद्धपोत, तकनीकी खराबी के बाद 183 नौसैनिकों समेत मांगी मदद

ईरान का एक युद्धपोत IRIS लावन भारत के कोच्चि बंदरगाह पर रुका हुआ है। इस युद्धपोत के 183 चालक दल के सदस्यों को फिलहाल कोच्चि में भारतीय नौसेना की सुविधाओं में ठहराया गया है। सरकारी सूत्रों के अनुसार श्रीलंका के दक्षिण में IRIS Dena से जुड़े घटनाक्रम से कुछ दिन पहले ईरान ने भारत से अपने युद्धपोत IRIS Lavan को शरण देने का अनुरोध किया था।

ALSO READ: ईरान को डोनाल्ड ट्रंप की सीधी धमकी, सरेंडर करे तभी समझौता IRIS लावन हाल ही में भारत में आयोजित इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू (IFR) 2026 और मिलान 2026 नौसैनिक अभ्यास में शामिल हुआ था, जो 15 से 25 फरवरी के बीच आयोजित हुए थे। यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब श्रीलंका के दक्षिण में IRIS Dena से जुड़ी घटना को लेकर क्षेत्र में सुरक्षा और समुद्री गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। यह जहाज उस समय अंतरराष्ट्रीय फ्लीट रिव्यू के लिए क्षेत्र में मौजूद था। 

ALSO READ: Iran-Israel War : अयातुल्लाह खामेनेई का दाहिना हाथ निकला गद्दार, ismail qaani पर क्यों गहराया शक, Mossad के एजेंट होने का क्या है सच

सूत्रों ने बताया कि 28 फरवरी 2026 को भारत को यह अनुरोध मिला था। इसमें कहा गया था कि जहाज में तकनीकी खराबी आ गई है और उसे तत्काल कोच्चि बंदरगाह पर डॉकिंग की जरूरत है। भारत सरकार ने इस अनुरोध पर विचार करने के बाद 1 मार्च को जहाज को कोच्चि में डॉकिंग की अनुमति दे दी। 

ALSO READ: Attacks को नाकाम करने के लिए ईरान अपना रहा रूस वाला 'देसी जुगाड़' ! US और इजराइल ऐसे खा रहे हैं धोखा

इसके बाद 4 मार्च को ईरानी नौसेना का युद्धपोत IRIS Lavan कोच्चि पहुंच गया और सुरक्षित रूप से डॉक कर लिया गया। सरकारी सूत्रों के मुताबिक ठहराया गया है, जहां उनके रहने और आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं।  Edited by : Sudhir Sharma (प्रतीकात्मक चित्र)