राष्ट्रीय पत्रकारिता दिवस( 30 मई) की "राष्ट्रीय प्रेस दिवस*

राष्ट्रीय पत्रकारिता दिवस( 30 मई) की "राष्ट्रीय प्रेस दिवस*

Jun 1, 2026 - 11:06
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राष्ट्रीय पत्रकारिता दिवस( 30 मई) की "राष्ट्रीय प्रेस दिवस*

राष्ट्रीय पत्रकारिता दिवस( 30 मई) की "राष्ट्रीय प्रेस दिवस*

*पत्रकारिता निष्पक्ष एवं निर्भीक होना चाहिए - डॉ.रेनूशरण 

 हिन्दी के अखबारों एवं पत्रकारों ने अभिव्यक्ति की आजादी की रक्षा की,

वर्तमान हिन्दी पत्रकारिता के सामने कई चुनौतियां हैं। एक ओर कार्पोरेट जगत के प्रभाव में मीडिया है। वहीं देश के हजारों कलम वीर पत्रकार अपनी कमल की पैनी धार से अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा के लिए संघर्षरत हैं। राष्ट्रीय पत्रकारिता दिवस पर डा.रेनूशरण ने कहा कि लोकतंत्र में कलम की अभिव्यक्ति की आजादी के लिए हिन्दी भाषी पत्रकारों ने सशक्त योगदान दिया है। आजादी से पूर्व एवं स्वतंत्र भारत में जब भी अधिनायकवादी ताकतों ने प्रेस का गला दबाने की कोशिश की है तब-तब हिन्दी के अखबारों एवं पत्रकारों ने निरंकुश सत्ता पर अंकुश लगाया एवं लेखन की स्वतंत्रता का हनन करने वाले शासकों को सबक सिखाया। और पत्रकारिता निष्पक्ष,स्पष्ट और निर्भीक होनी चाहिए। पाठकों को ध्यान में रखते हुए खबर बनाएं। प्रेस की आजादी को लेकर बड़ा सवाल खड़ा है। प्रेस की आजादी की रक्षा हर हाल में होना चाहिए। उन्होंने कहा कि निर्भीक निष्पक्ष पत्रकारिता तलवार की पैनी धार की तरह है। जिसका वार कभी खाली नही जाता।

30 मई1826 ई. में उदन्त मार्तण्ड के नाम से निकला था पहला हिन्दी समाचार पत्र-डाॅ.रेनूशरण 

 

राष्ट्रीय पत्रकारिता दिवस पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हिंदी भाषा में उदन्त मार्तण्ड के नाम से पहला समाचार पत्र 30 मई 1826 में निकाला गया था। इसलिए इस दिन को हिंदी पत्रकारिता दिवस के रूप में मनाया जाता है। पंडित जुगल किशोर शुक्ल ने इसे कलकत्ता से एक साप्ताहिक समाचार पत्र के तौर पर शुरू किया था। इसके प्रकाशक और संपादक भी वे खुद थे। इस तरह हिंदी पत्रकारिता की शुरुआत करने वाले पंडित जुगल किशोर शुक्ल का हिंदी पत्रकारिता की जगत में विशेष सम्मान है।जुगल किशोर शुक्ल वकील भी थे और कानपुर के रहने वाले थे।तथा हमारे देश की पहली महिला पत्रकार विद्यावती विधा धी जिन्होने 1930 में महिलाओ के हित में गृहलक्ष्मी नमक संपादन किया।में आपकी कलम की ताकत को नमन करती हूं।राष्ट्रीय अध्यक्ष महिलामोर्चा भारत:कर्मयोगी डॉ.रेनूशरण।