Bankipur by-election: कितनी है प्रशांत किशोर और उनकी पत्नी की संपत्ति? जाह्नवी ज्यादा अमीर, चुनावी हलफनामे में हुआ खुलासा
prashant kishor net worth: बिहार की राजनीति में इस समय पटना की हाईप्रोफाइल बांकीपुर विधानसभा सीट का उपचुनाव सबसे बड़ा हॉट टॉपिक बना हुआ है। वजह हैं चुनावी रणनीतिकार से नेता बने जन सुराज पार्टी (JSP) के प्रमुख प्रशांत किशोर यानी पीके।
prashant kishor net worth: बिहार की राजनीति में इस समय पटना की हाईप्रोफाइल बांकीपुर विधानसभा सीट का उपचुनाव सबसे बड़ा हॉट टॉपिक बना हुआ है। वजह हैं चुनावी रणनीतिकार से नेता बने जन सुराज पार्टी (JSP) के प्रमुख प्रशांत किशोर यानी पीके। सोमवार को जब प्रशांत अपनी पत्नी डॉक्टर जाह्नवी दास के साथ बांकीपुर सीट से नामांकन दाखिल करने पहुंचे, तो सबके मन में एक ही सवाल था कि राजनीतिक दलों की किस्मत बदलने वाले 'पीके' के पास खुद कितनी दौलत है? आपको बता दें कि बांकीपुर उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को मतदान होगा, जबकि परिणाम 3 अगस्त को आएगा।
हालांकि उनके चुनावी हलफनामे के बाद उनकी संपत्ति से जुड़ा सस्पेंस अब पूरी तरह खत्म हो गया है। हलफनामे के मुताबिक, प्रशांत किशोर और उनकी डॉक्टर पत्नी जाह्नवी दास मिलकर करीब 198 करोड़ रुपए की संपत्ति के मालिक हैं। दिलचस्प बात यह है कि संपत्ति के मामले में पत्नी जाह्नवी पति प्रशांत किशोर से भी एक कदम आगे हैं। नामांकन के दौरान प्रशांत किशोर की कुर्सी पर हाथ टिकाकर उनके साथ मजबूती से खड़ीं डॉक्टर जाह्नवी दास पीके के राजनीतिक सफर में तो उनके साथ हैं, लेकिन नेटवर्थ के मामले में उनसे आगे हैं। ALSO READ: Bankipur by-election : प्रशांत किशोर की पहली चुनावी परीक्षा, बांकीपुर उपचुनाव में दांव पर जनसुराज का भविष्य, क्या है पार्टी की रणनीति
कितनी है दोनों की संपत्ति
डॉक्टर जाह्नवी दास की कुल संपत्ति 101.93 करोड़ रुपए है। उनके पास 89.51 करोड़ रुपए की चल संपत्ति और 12.42 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति है। उन पर 55 लाख रुपए का कर्ज भी है। प्रशांत किशोर पीके के पास अपने नाम पर 22.19 करोड़ की चल और 73.87 करोड़ की अचल संपत्ति है। प्रशांत किशोर पर 5.77 करोड़ रुपए का कर्ज भी है। उनकी कुल संपत्ति 96.07 करोड़ रुपए है।
क्या है कमाई का जरिया
लंबे समय तक पर्दे के पीछे रहकर देश के बड़े-बड़े नेताओं के लिए चुनावी रणनीति बनाने वाले प्रशांत किशोर ने अपनी कमाई का पूरा ब्योरा सार्वजनिक किया है। पीके ने बताया कि उन्होंने राजनीतिक सलाह देने के अपने पेशे से तीन साल में 241 करोड़ रुपए कमाए थे। उन्होंने वित्त वर्ष 2020-21 से 2024-25 के बीच 4.45 करोड़ रुपए का इनकम टैक्स और 5.58 करोड़ रुपये का GST भरा है।
100% ऑनरशिप वाली कंपनी
प्रशांत किशोर के पास 'वेदहास वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड' नाम की कंपनी में शत-प्रतिशत शेयर हैं। इसी कंपनी के जरिए उन्होंने साल 2024-25 में अपनी ही 'जन सुराज पार्टी' को 85 करोड़ रुपए और 'जन सुराज फाउंडेशन' को 50 लाख रुपए का चंदा दिया। चंपारण में उपवास रखने के बाद प्रशांत किशोर ने एक बेहद चौंकाने वाला एलान किया था। उन्होंने घोषणा की है कि वे अपने घर को छोड़कर अपनी सारी संपत्ति जन सुराज पार्टी को दान कर रहे हैं। इसके साथ ही अगले 5 सालों तक कन्सल्टेंसी (सलाह) से होने वाली अपनी कमाई का 90 फीसदी हिस्सा भी वह पार्टी को दान कर देंगे। इससे पहले भी वह अपनी कमाई में से 98 करोड़ रुपए पार्टी को चंदे के रूप में दे चुके हैं।
भाजपा के गढ़ में पीके की चुनौती
दूसरों को चुनाव लड़वाने और जितवाने का दावा करने वाले प्रशांत किशोर का जीवन का यह पहला चुनाव है। सुबह-सुबह सोनपुर के हरिहरनाथ मंदिर में पत्नी के साथ पूजा-अर्चना करने के बाद पीके ने सीधे बीजेपी के इस पारंपरिक गढ़ में हुंकार भरी। यह सीट भाजपा के वर्तमान अध्यक्ष नितिन नवीन के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी।
भाजपा के लिए इस सीट पर ड्रामा कम नहीं रहा। पार्टी ने पहले अभिषेक बंटी को उतारा, जिन्होंने 24 घंटे में मैदान छोड़ दिया। अब युवा चेहरे नीरज सिन्हा को टिकट दिया है। वहीं लालू यादव की आरजेडी ने रेखा गुप्ता को मैदान में उतारा है।



