किशनगंज में रेल परियोजनाओं के FLS पर समीक्षा बैठक:ठाकुरगंज-सिलीगुड़ी दोहरीकरण और कुमेदपुर-अलुवाबाड़ी लाइन पर चर्चा
किशनगंज में ठाकुरगंज-सिलीगुड़ी रेल लाइन के दोहरीकरण और कुमेदपुर-अलुवाबाड़ी तृतीय/चतुर्थ रेल लाइन परियोजना के फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) पर एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। यह बैठक जिलाधिकारी विशाल राज की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में हुई। किशनगंज रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर नए रेलवे स्टेशन का प्रस्ताव बैठक में एनएफ रेलवे के डिप्टी चीफ इंजीनियर जितेंद्र कुमार और संबंधित एजेंसी ने दोनों परियोजनाओं की प्रगति और तकनीकी पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान बताया गया कि किशनगंज रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर एक नया किशनगंज रेलवे स्टेशन स्थापित करने का प्रस्ताव है। यहाँ एक रेल शेड के निर्माण की योजना पर भी विचार किया जा रहा है। यात्री और माल परिवहन दोनों में आएगी सुगमता अधिकारियों ने बताया कि इन रेल लाइनों के दोहरीकरण से रेल परिचालन क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। इससे यात्री और माल परिवहन दोनों में सुगमता आएगी। न्यू किशनगंज रेलवे स्टेशन के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य यात्रियों को बेहतर और विस्तारित सुविधाएँ प्रदान करना है। यह भी स्पष्ट किया गया कि न्यू किशनगंज रेलवे स्टेशन के आसपास किसी फ्लाईओवर के निर्माण का कोई प्रस्ताव नहीं है। बैठक में यह जानकारी भी दी गई कि भविष्य में ठाकुरगंज को एक प्रमुख रेलवे जंक्शन के रूप में विकसित करने की योजना है, जिसे अररिया से जोड़ा जाएगा। इससे क्षेत्र में मल्टी-कनेक्टिविटी मजबूत होगी और आवागमन के साथ-साथ आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। परियोजनाओं के समयबद्ध, सुचारु क्रियान्वयन के निर्देश इसके अतिरिक्त, बैठक में भू-अर्जन की अद्यतन स्थिति, संबंधित प्रक्रियाओं और विभिन्न विभागों के बीच आपसी समन्वय जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने परियोजनाओं के समयबद्ध, सुचारु और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, पथ निर्माण विभाग और भवन निर्माण विभाग के सहायक अभियंता, संबंधित क्षेत्र के अंचल अधिकारी, रेलवे विभाग के पदाधिकारी/कर्मी सहित अन्य संबंधित अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।
किशनगंज में ठाकुरगंज-सिलीगुड़ी रेल लाइन के दोहरीकरण और कुमेदपुर-अलुवाबाड़ी तृतीय/चतुर्थ रेल लाइन परियोजना के फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) पर एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। यह बैठक जिलाधिकारी विशाल राज की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में हुई। किशनगंज रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर नए रेलवे स्टेशन का प्रस्ताव बैठक में एनएफ रेलवे के डिप्टी चीफ इंजीनियर जितेंद्र कुमार और संबंधित एजेंसी ने दोनों परियोजनाओं की प्रगति और तकनीकी पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान बताया गया कि किशनगंज रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर एक नया किशनगंज रेलवे स्टेशन स्थापित करने का प्रस्ताव है। यहाँ एक रेल शेड के निर्माण की योजना पर भी विचार किया जा रहा है। यात्री और माल परिवहन दोनों में आएगी सुगमता अधिकारियों ने बताया कि इन रेल लाइनों के दोहरीकरण से रेल परिचालन क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। इससे यात्री और माल परिवहन दोनों में सुगमता आएगी। न्यू किशनगंज रेलवे स्टेशन के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य यात्रियों को बेहतर और विस्तारित सुविधाएँ प्रदान करना है। यह भी स्पष्ट किया गया कि न्यू किशनगंज रेलवे स्टेशन के आसपास किसी फ्लाईओवर के निर्माण का कोई प्रस्ताव नहीं है। बैठक में यह जानकारी भी दी गई कि भविष्य में ठाकुरगंज को एक प्रमुख रेलवे जंक्शन के रूप में विकसित करने की योजना है, जिसे अररिया से जोड़ा जाएगा। इससे क्षेत्र में मल्टी-कनेक्टिविटी मजबूत होगी और आवागमन के साथ-साथ आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। परियोजनाओं के समयबद्ध, सुचारु क्रियान्वयन के निर्देश इसके अतिरिक्त, बैठक में भू-अर्जन की अद्यतन स्थिति, संबंधित प्रक्रियाओं और विभिन्न विभागों के बीच आपसी समन्वय जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने परियोजनाओं के समयबद्ध, सुचारु और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, पथ निर्माण विभाग और भवन निर्माण विभाग के सहायक अभियंता, संबंधित क्षेत्र के अंचल अधिकारी, रेलवे विभाग के पदाधिकारी/कर्मी सहित अन्य संबंधित अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।