झज्जर हादसे में जान गंवाने वालों के घर पहुंचे दीपेंद्र-हुड्डा:परिवार से मिलकर शोक व्यक्त किया; लाठीचार्ज पर पुलिस को क्रूर बताया
कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने पिछले दिनों हुए हादसे में जान गंवाने वाले चार लोगों के परिवारों से झज्जर के मुनीमपुर गांव में मुलाकात कर शोक व्यक्त किया। उन्होंने पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाते हुए कहा कि दुख की इस घड़ी में वे उनके साथ खड़े हैं। इसके बाद सांसद ने देश में छात्रों और युवाओं के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश के युवा, छात्र और विपक्ष की मांग स्पष्ट है कि पहले शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें, उसके बाद ही शिक्षा और परीक्षा प्रणाली में बदलाव को लेकर संसद में चर्चा हो। उन्होंने कहा कि रोज-रोज पेपर लीक होने से देशभर का युवा आक्रोशित है, लेकिन सरकार इस गंभीर समस्या को हल्के में ले रही है। छात्रों की मांगों को नजरअंदाज कर रही सरकार दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री के वीडियो संदेश में छात्रों की वास्तविक मांगों का कोई संज्ञान नहीं लिया गया। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या छात्रों ने शिक्षा सचिव बदलने, फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने या नया कानून बनाने की मांग की थी? उन्होंने कहा कि छात्रों की मांग है कि शिक्षा मंत्री इस्तीफा दें, छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और नेताओं पर सख्त कार्रवाई हो और सरकार छात्रों से तत्काल माफी मांगे। लाठीचार्ज से युवाओं की आवाज दबाई नहीं जा सकती हुड्डा ने कहा कि संसद मार्च के दौरान छात्रों पर हुआ लाठीचार्ज बेहद निंदनीय है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार ने अंग्रेजी हुकूमत के जुल्मों को भी पीछे छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि लाठियां बरसाकर देश के युवाओं और छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार की कार्यप्रणाली से देश का युवा निराश है और उसे अपना भविष्य अंधकारमय दिखाई दे रहा है। जिस देश में युवाओं का भविष्य अंधकारमय होगा, उस देश का भविष्य उज्ज्वल कैसे हो सकता है। पेपर लीक से युवाओं में बढ़ रहा आक्रोश सांसद ने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार के कार्यकाल में नौकरी से लेकर एडमिशन तक पेपर लीक की घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि NEET जैसी परीक्षाओं में पेपर लीक होने से मेहनत करने वाले और काबिल विद्यार्थियों के साथ अन्याय होता है। उन्होंने कहा कि सरकार को युवाओं के भविष्य से जुड़े इस गंभीर मुद्दे पर तत्काल कदम उठाने चाहिए। दीपेंद्र हुड्डा ने प्रदर्शन के दौरान हरियाणा के युवा साहिल के घायल होने का भी जिक्र किया और आरोप लगाया कि पुलिस कार्रवाई में पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। उन्होंने कहा कि छात्रों और युवाओं पर हुई कथित पुलिस बर्बरता के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने पिछले दिनों हुए हादसे में जान गंवाने वाले चार लोगों के परिवारों से झज्जर के मुनीमपुर गांव में मुलाकात कर शोक व्यक्त किया। उन्होंने पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाते हुए कहा कि दुख की इस घड़ी में वे उनके साथ खड़े हैं। इसके बाद सांसद ने देश में छात्रों और युवाओं के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश के युवा, छात्र और विपक्ष की मांग स्पष्ट है कि पहले शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें, उसके बाद ही शिक्षा और परीक्षा प्रणाली में बदलाव को लेकर संसद में चर्चा हो। उन्होंने कहा कि रोज-रोज पेपर लीक होने से देशभर का युवा आक्रोशित है, लेकिन सरकार इस गंभीर समस्या को हल्के में ले रही है। छात्रों की मांगों को नजरअंदाज कर रही सरकार दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री के वीडियो संदेश में छात्रों की वास्तविक मांगों का कोई संज्ञान नहीं लिया गया। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या छात्रों ने शिक्षा सचिव बदलने, फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने या नया कानून बनाने की मांग की थी? उन्होंने कहा कि छात्रों की मांग है कि शिक्षा मंत्री इस्तीफा दें, छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और नेताओं पर सख्त कार्रवाई हो और सरकार छात्रों से तत्काल माफी मांगे। लाठीचार्ज से युवाओं की आवाज दबाई नहीं जा सकती हुड्डा ने कहा कि संसद मार्च के दौरान छात्रों पर हुआ लाठीचार्ज बेहद निंदनीय है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार ने अंग्रेजी हुकूमत के जुल्मों को भी पीछे छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि लाठियां बरसाकर देश के युवाओं और छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार की कार्यप्रणाली से देश का युवा निराश है और उसे अपना भविष्य अंधकारमय दिखाई दे रहा है। जिस देश में युवाओं का भविष्य अंधकारमय होगा, उस देश का भविष्य उज्ज्वल कैसे हो सकता है। पेपर लीक से युवाओं में बढ़ रहा आक्रोश सांसद ने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार के कार्यकाल में नौकरी से लेकर एडमिशन तक पेपर लीक की घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि NEET जैसी परीक्षाओं में पेपर लीक होने से मेहनत करने वाले और काबिल विद्यार्थियों के साथ अन्याय होता है। उन्होंने कहा कि सरकार को युवाओं के भविष्य से जुड़े इस गंभीर मुद्दे पर तत्काल कदम उठाने चाहिए। दीपेंद्र हुड्डा ने प्रदर्शन के दौरान हरियाणा के युवा साहिल के घायल होने का भी जिक्र किया और आरोप लगाया कि पुलिस कार्रवाई में पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। उन्होंने कहा कि छात्रों और युवाओं पर हुई कथित पुलिस बर्बरता के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।